Breaking
T20 World Cup Upset Alert: विमेंस टी20 वर्ल्ड कप में बड़ा उलटफेर, आयरलैंड ने WI को हराकर रचा इतिहाससावधान! मध्यप्रदेश के 40 से अधिक शहरों में बारिश का यलो अलर्टSamsung के इस प्रीमियम फोन पर मिलेगा ₹39,999 से भी ज्यादा का डिस्काउंट, 4 जुलाई से शुरू होगा ऑफर, यहां लाइव होगी डील30 जून से रांची और अन्य जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, वज्रपात की आशंकाDelhi और उत्तराखंड में हाई अलर्ट, संभावित आतंकी हमलों की चेतावनी के बाद सुरक्षा कड़ीPM मोदी के मन की बात का 135वां एपिसोड, LiveT20 World Cup Upset Alert: विमेंस टी20 वर्ल्ड कप में बड़ा उलटफेर, आयरलैंड ने WI को हराकर रचा इतिहाससावधान! मध्यप्रदेश के 40 से अधिक शहरों में बारिश का यलो अलर्टSamsung के इस प्रीमियम फोन पर मिलेगा ₹39,999 से भी ज्यादा का डिस्काउंट, 4 जुलाई से शुरू होगा ऑफर, यहां लाइव होगी डील30 जून से रांची और अन्य जिलों में भारी बारिश का ऑरेंज अलर्ट, वज्रपात की आशंकाDelhi और उत्तराखंड में हाई अलर्ट, संभावित आतंकी हमलों की चेतावनी के बाद सुरक्षा कड़ीPM मोदी के मन की बात का 135वां एपिसोड, Live
Entertainment

तालियों से नहीं, विश्वसनीयता से तय होती है आपकी कीमत:जो अपनी भूल मानने को तैयार नहीं, वह सच तक नहीं पहुंच सकता

किसी भी पेशे में और खास तौर पर लेखन तथा कला के क्षेत्र में अहम चीज इंटेग्रिटी है। टैलेंट से भी ज्यादा क्योंकि प्रतिभा आपको पहचान दिला सकती है, लेकिन असली पहचान इस बात से बनती है कि आप अपने काम और अपने आप से कितने ईमानदार हैं। इंटेग्रिटी का मतलब सिर्फ सच बोलना नहीं है, बल्कि अपने विश्वासों और अपने व्यवहार के बीच कोई फासला न होने देना है। जो बात आप दूसरों से कहते हैं, वही बात अपने लिए भी लागू करना- यही इंटेग्रिटी है। इसका मतलब है विचारों, संवेदना, रचनात्मकता और अभिव्यक्ति के प्रति सच्चा होना। कलाक

दैनिक भास्कर28 Jun 2026, 07:48👁 0 views
तालियों से नहीं, विश्वसनीयता से तय होती है आपकी कीमत:जो अपनी भूल मानने को तैयार नहीं, वह सच तक नहीं पहुंच सकता
Advertisement

किसी भी पेशे में और खास तौर पर लेखन तथा कला के क्षेत्र में अहम चीज इंटेग्रिटी है। टैलेंट से भी ज्यादा क्योंकि प्रतिभा आपको पहचान दिला सकती है, लेकिन असली पहचान इस बात से बनती है कि आप अपने काम और अपने आप से कितने ईमानदार हैं। इंटेग्रिटी का मतलब सिर्फ सच बोलना नहीं है, बल्कि अपने विश्वासों और अपने व्यवहार के बीच कोई फासला न होने देना है। जो बात आप दूसरों से कहते हैं, वही बात अपने लिए भी लागू करना- यही इंटेग्रिटी है। इसका मतलब है विचारों, संवेदना, रचनात्मकता और अभिव्यक्ति के प्रति सच्चा होना। कलाक

Source: Bhaskar

Advertisement

Related News