चमोली की जिस टनल में हुआ हादसा, आखिर किस हाइड्रो-इलेक्ट्रिक प्रोजेक्ट का हिस्सा, इसके 5 बड़े फायदे
Vishnugad Pipalkoti Hydro Electric Project: उत्तराखंड के चमोली में जिस टनल में दर्दनाक हादसा हुआ है, वह असल में 444 मेगावाट की महात्वाकांक्षी 'विष्णुगाड-पीपलकोटी जलविद्युत परियोजना' का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है. अलकनंदा नदी पर बन रही यह 'रन-ऑफ-द-रिवर' परियोजना ऋषिकेश से लगभग 225 किमी दूर NH-58 पर स्थित है. इस प्रोजेक्ट के तहत 65 मीटर ऊंचा डैम, 13.4 किमी लंबी हेड रेस टनल (HRT) और 3.04 किमी लंबी टेल रेस टनल (TRT) का निर्माण किया जा रहा है. इसके पूरी तरह चालू होने पर सालाना 1657.09 मिलियन यूनिट (MU)

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Source: News 18 Hindi
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