आपातकाल की 51वीं वर्षगांठ: भारत के इतिहास का काला अध्याय
25 जून 1975 को भारत में आपातकाल की घोषणा की गई, जिसने देश के राजनीतिक परिदृश्य को बदल दिया। इस काले दौर में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और प्रेस पर कड़ी सेंसरशिप लागू की गई। इंदिरा गांधी ने इसे देश की सुरक्षा के लिए आवश्यक बताया, जबकि विपक्ष ने इसे लोकतंत्र पर हमला कहा। आपातकाल के बाद कांग्रेस की हार और जनता पार्टी की सरकार का गठन हुआ। जानें इस महत्वपूर्ण घटनाक्रम के बारे में और इसके प्रभावों के बारे में।

25 जून 1975 को भारत में आपातकाल की घोषणा की गई, जिसने देश के राजनीतिक परिदृश्य को बदल दिया। इस काले दौर में कई लोगों को गिरफ्तार किया गया और प्रेस पर कड़ी सेंसरशिप लागू की गई। इंदिरा गांधी ने इसे देश की सुरक्षा के लिए आवश्यक बताया, जबकि विपक्ष ने इसे लोकतंत्र पर हमला कहा। आपातकाल के बाद कांग्रेस की हार और जनता पार्टी की सरकार का गठन हुआ। जानें इस महत्वपूर्ण घटनाक्रम के बारे में और इसके प्रभावों के बारे में।
Source: Newzfatafat
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