Breaking
Mobile Security Alert: iPhone-Android यूजर्स हो जाएं सावधान! इस कमी के कारण हैकर्स बना सकते है आपको निशाना, जाने कैसे बचेदहिसर में बड़ा हादसा टला, रेस्क्यू ऑपरेशन सफलबिहार के 30 जिलों में भारी आंधी-बारिश का अलर्ट, वज्रपात की भी चेतावनीWeather Update: दिल्ली से गुजरात तक 13 राज्यों में आंधी-बारिश का अलर्ट, 60 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, IMD अपडेटCG Weather Update: मानसून ने बढ़ाई रफ्तार, छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटे भारी से अति भारी बारिश का अलर्टEV Charging Alert: भारत के 45% घर इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग के लिए अनफिट, लापरवाही से लग सकती है आगMobile Security Alert: iPhone-Android यूजर्स हो जाएं सावधान! इस कमी के कारण हैकर्स बना सकते है आपको निशाना, जाने कैसे बचेदहिसर में बड़ा हादसा टला, रेस्क्यू ऑपरेशन सफलबिहार के 30 जिलों में भारी आंधी-बारिश का अलर्ट, वज्रपात की भी चेतावनीWeather Update: दिल्ली से गुजरात तक 13 राज्यों में आंधी-बारिश का अलर्ट, 60 KM की रफ्तार से चलेंगी हवाएं, IMD अपडेटCG Weather Update: मानसून ने बढ़ाई रफ्तार, छत्तीसगढ़ में अगले 48 घंटे भारी से अति भारी बारिश का अलर्टEV Charging Alert: भारत के 45% घर इलेक्ट्रिक कार चार्जिंग के लिए अनफिट, लापरवाही से लग सकती है आग
Business

Russia पर संकट आया तो दोस्त India ने तुरंत मदद का हाथ बढ़ाया, तेल संकट से जूझते Putin की मदद के लिए Modi ने भेजा हजारों टन Petrol

रूस और यूक्रेन युद्ध के बीच अब सबसे बड़ा असर रूस की ऊर्जा व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। यूक्रेन के लगातार ड्रोन हमलों ने रूस की कई तेल रिफाइनरियों और ऊर्जा ढांचे को गंभीर नुकसान पहुंचाया है। इसका परिणाम यह हुआ कि रूस के अनेक क्षेत्रों में पेट्रोल की कमी, लंबी कतारें और ईंधन वितरण पर नियंत्रण जैसी स्थितियां सामने आने लगी हैं। यही वह समय है जब भारत ने एक भरोसेमंद मित्र और रणनीतिक साझेदार की भूमिका निभाते हुए रूस को तुरंत पेट्रोल की आपूर्ति शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार भारत से रूस के लिए समुद्

नीरज कुमार दुबे2 Jul 2026, 05:47👁 0 views
Russia पर संकट आया तो दोस्त India ने तुरंत मदद का हाथ बढ़ाया, तेल संकट से जूझते Putin की मदद के लिए Modi ने भेजा हजारों टन Petrol
Advertisement

रूस और यूक्रेन युद्ध के बीच अब सबसे बड़ा असर रूस की ऊर्जा व्यवस्था पर दिखाई देने लगा है। यूक्रेन के लगातार ड्रोन हमलों ने रूस की कई तेल रिफाइनरियों और ऊर्जा ढांचे को गंभीर नुकसान पहुंचाया है। इसका परिणाम यह हुआ कि रूस के अनेक क्षेत्रों में पेट्रोल की कमी, लंबी कतारें और ईंधन वितरण पर नियंत्रण जैसी स्थितियां सामने आने लगी हैं। यही वह समय है जब भारत ने एक भरोसेमंद मित्र और रणनीतिक साझेदार की भूमिका निभाते हुए रूस को तुरंत पेट्रोल की आपूर्ति शुरू कर दी है। सूत्रों के अनुसार भारत से रूस के लिए समुद्

Source: Prabhasakshi

Advertisement

Related News