Breaking
झारखंड में वज्रपात से 3 की मौत, कई जिलों में बारिश का अलर्टझारखंड में वज्रपात से 3 की मौत, कई जिलों में बारिश का अलर्टठाणे नगर निगम मुख्यालय की चौथी मंजिल पर लगी भीषण आग, सूझबूझ से टला बड़ा हादसा; देखें VIDEOजयपुर में अतिक्रमण हटाने से पहले इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद, प्रशासन अलर्टआज का मौसम 8 जून: IMD ने इस राज्य में भारी बारिश का ‘रेड अलर्ट’ किया जारीजयपुर में आज हाई अलर्ट, मंदिर से लेकर मस्जिद तक पर चलेगा बुलडोजर, इंटरनेट बंद- 10 Pointsझारखंड में वज्रपात से 3 की मौत, कई जिलों में बारिश का अलर्टझारखंड में वज्रपात से 3 की मौत, कई जिलों में बारिश का अलर्टठाणे नगर निगम मुख्यालय की चौथी मंजिल पर लगी भीषण आग, सूझबूझ से टला बड़ा हादसा; देखें VIDEOजयपुर में अतिक्रमण हटाने से पहले इंटरनेट सेवाएं अस्थायी रूप से बंद, प्रशासन अलर्टआज का मौसम 8 जून: IMD ने इस राज्य में भारी बारिश का ‘रेड अलर्ट’ किया जारीजयपुर में आज हाई अलर्ट, मंदिर से लेकर मस्जिद तक पर चलेगा बुलडोजर, इंटरनेट बंद- 10 Points
Education

DDU के डॉ. निखिल बने टॉप 5% इंडिपेंडेंट रिसर्चर्स:'SciRank Global' ने दुनिया भर की रैंकिंग में दी जगह, साइंस में कॉन्ट्रीब्यूशन का असर

दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर यूनिवर्सिटी के फिजिक्स डिपार्टमेंट के असिस्टेंट प्रोफेसर और युवा वैज्ञानिक डॉ. निखिल कुमार ने इंटरनेशनल लेवल पर बड़ी कामयाबी हासिल की है। अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक मंच 'SciRank Global' ने साल 2025 की दुनिया भर की रैंकिंग में उन्हें टॉप 5% इंडिपेंडेंट रिसर्चर्स में जगह दी है। यह सिलेक्शन पूरी तरह से उनके रिसर्च पेपर्स की क्वालिटी, उनके काम के असर और साइंस की दुनिया में उनके टोटल कॉन्ट्रीब्यूशन को देखकर किया गया है। बड़े इंटरनेशनल जर्नल्स में छपे रिसर्च पेपर्स डॉ. निखिल कुमा

दैनिक भास्कर8 Jun 2026, 09:15👁 0 views
DDU के डॉ. निखिल बने टॉप 5% इंडिपेंडेंट रिसर्चर्स:'SciRank Global' ने दुनिया भर की रैंकिंग में दी जगह, साइंस में कॉन्ट्रीब्यूशन का असर
Advertisement

दीनदयाल उपाध्याय गोरखपुर यूनिवर्सिटी के फिजिक्स डिपार्टमेंट के असिस्टेंट प्रोफेसर और युवा वैज्ञानिक डॉ. निखिल कुमार ने इंटरनेशनल लेवल पर बड़ी कामयाबी हासिल की है। अंतरराष्ट्रीय वैज्ञानिक मंच 'SciRank Global' ने साल 2025 की दुनिया भर की रैंकिंग में उन्हें टॉप 5% इंडिपेंडेंट रिसर्चर्स में जगह दी है। यह सिलेक्शन पूरी तरह से उनके रिसर्च पेपर्स की क्वालिटी, उनके काम के असर और साइंस की दुनिया में उनके टोटल कॉन्ट्रीब्यूशन को देखकर किया गया है। बड़े इंटरनेशनल जर्नल्स में छपे रिसर्च पेपर्स डॉ. निखिल कुमा

Source: Bhaskar

Advertisement

Related News