Breaking
दक्षिण भारत में मॉनसून का प्रकोप जारी: केरल से तेलंगाना तक भारी बारिश ने बढ़ाई मुश्किलें, अलर्ट जारीUP Weather Today, 25 June: गाजियाबाद, नोएडा समेत यूपी के कई इलाकों में बारिश का अलर्ट, जानिए प्रदेश में मानसून की कब होगी एंट्रीमहाराष्ट्र से लेकर बिहार तक आंधी के साथ मूसलाधार बारिश, 17 राज्यों में मौसम का कहर, IMD का लेटेस्ट अलर्टमानसून ने पकड़ी रफ्तार: महाराष्ट्र-गुजरात-एमपी में धमाकेदार एंट्री, अब राजस्थान की बारी, 9 राज्यों में ऑरेंज अलर्टआज का मौसम 25 जून: 17 राज्यों में भारी बारिश-आंधी का अलर्ट, 85 की स्पीड से हवा; IMD अपडेट जारी...Scotland Vs Brazil Live Score: विनीसियस जूनियर ने मैच में किया पहला गोल, स्कॉटलैंड के खिलाफ ब्राजील 1-0 से आगेदक्षिण भारत में मॉनसून का प्रकोप जारी: केरल से तेलंगाना तक भारी बारिश ने बढ़ाई मुश्किलें, अलर्ट जारीUP Weather Today, 25 June: गाजियाबाद, नोएडा समेत यूपी के कई इलाकों में बारिश का अलर्ट, जानिए प्रदेश में मानसून की कब होगी एंट्रीमहाराष्ट्र से लेकर बिहार तक आंधी के साथ मूसलाधार बारिश, 17 राज्यों में मौसम का कहर, IMD का लेटेस्ट अलर्टमानसून ने पकड़ी रफ्तार: महाराष्ट्र-गुजरात-एमपी में धमाकेदार एंट्री, अब राजस्थान की बारी, 9 राज्यों में ऑरेंज अलर्टआज का मौसम 25 जून: 17 राज्यों में भारी बारिश-आंधी का अलर्ट, 85 की स्पीड से हवा; IMD अपडेट जारी...Scotland Vs Brazil Live Score: विनीसियस जूनियर ने मैच में किया पहला गोल, स्कॉटलैंड के खिलाफ ब्राजील 1-0 से आगे
Business

Crude Oil: कच्चा तेल 4 महीने के निचले स्तर पर, फिर भी पेट्रोल-डीजल सस्ता होने में लगेगा वक्त

Crude Oil News: अमेरिका-ईरान शांति समझौते और ईरानी क्रूड की वापसी से ब्रेंट क्रूड 75 डॉलर से नीचे आ गया है। इससे भारत में पेट्रोल-डीजल सस्ता होने की उम्मीद बढ़ी है, लेकिन तेल कंपनियां पहले युद्धकालीन घाटा भरना चाहेंगी। बढ़ा जहाज किराया और एलपीजी घाटा फिलहाल राहत की राह में बड़ी बाधा बने हुए हैं।

anurag animesh24 Jun 2026, 22:59👁 0 views
Crude Oil: कच्चा तेल 4 महीने के निचले स्तर पर, फिर भी पेट्रोल-डीजल सस्ता होने में लगेगा वक्त
Advertisement

Crude Oil News: अमेरिका-ईरान शांति समझौते और ईरानी क्रूड की वापसी से ब्रेंट क्रूड 75 डॉलर से नीचे आ गया है। इससे भारत में पेट्रोल-डीजल सस्ता होने की उम्मीद बढ़ी है, लेकिन तेल कंपनियां पहले युद्धकालीन घाटा भरना चाहेंगी। बढ़ा जहाज किराया और एलपीजी घाटा फिलहाल राहत की राह में बड़ी बाधा बने हुए हैं।

Source: Patrika News

Advertisement

Related News