Breaking
रीलबाजी बनी जानलेवा: दो बाइकों पर सवार पांच युवकों में से तीन की मौत, लाइव वीडियो वायरलकटिहार में बड़ा हादसा टला! NH-31 पर गैस सिलेंडरों से लदा ट्रक पलटा, मची अफरा-तफरीबड़ी खबर: NTA का बड़ा बयान, Re-NEET UG पेपर लीक का दावा पूरी तरह फर्जी, पैसे ऐंठने के लिए फैलाया जा रहा झूठBihar Weather Alert: बिहार के पूर्वी चंपारण में 74.8 मिमी बारिश, 56 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा; 15 जिलों में अलर्टपढ़ें 6 जून 2026 की शाम की बड़ी खबरें और अन्य समाचारबिजली अलर्ट: रांची में 7 को इन इलाकों में 3 घंटे रहेगा पावर कट, जानें वजहरीलबाजी बनी जानलेवा: दो बाइकों पर सवार पांच युवकों में से तीन की मौत, लाइव वीडियो वायरलकटिहार में बड़ा हादसा टला! NH-31 पर गैस सिलेंडरों से लदा ट्रक पलटा, मची अफरा-तफरीबड़ी खबर: NTA का बड़ा बयान, Re-NEET UG पेपर लीक का दावा पूरी तरह फर्जी, पैसे ऐंठने के लिए फैलाया जा रहा झूठBihar Weather Alert: बिहार के पूर्वी चंपारण में 74.8 मिमी बारिश, 56 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से हवा; 15 जिलों में अलर्टपढ़ें 6 जून 2026 की शाम की बड़ी खबरें और अन्य समाचारबिजली अलर्ट: रांची में 7 को इन इलाकों में 3 घंटे रहेगा पावर कट, जानें वजह
Entertainment

खाने का तेल अब 9 स्टैंडर्ड पैक-साइज में ही मिलेगा:कंपनियों को वॉल्यूम के साथ वजन लिखना भी जरूरी, 3 महीने में लागू होंगे नए नियम

डिपार्टमेंट ऑफ कंज्यूमर अफेयर्स ने शनिवार को लीगल मेट्रोलॉजी फ्रेमवर्क के तहत खाने वाले तेल के लिए स्टैंडर्ड पैक साइज अनिवार्य कर दिए हैं। सरकार के इस कदम का मुख्य उद्देश्य ग्राहकों को अलग-अलग ब्रांड्स के बीच कीमतों की तुलना करने और सही फैसला लेने में मदद करना है। इसके लिए विभाग ने नेट क्वांटिटी और स्टैंडर्ड पैक साइज तय करने के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SoP) में बदलाव किया है। तेल कंपनियों और इंपोर्टर्स को इन नए नियमों को अपनाने के लिए 3 महीने का समय दिया गया है। 9 तय साइज में ही बिकेगा क

दैनिक भास्कर6 Jun 2026, 14:36👁 0 views
खाने का तेल अब 9 स्टैंडर्ड पैक-साइज में ही मिलेगा:कंपनियों को वॉल्यूम के साथ वजन लिखना भी जरूरी, 3 महीने में लागू होंगे नए नियम
Advertisement

डिपार्टमेंट ऑफ कंज्यूमर अफेयर्स ने शनिवार को लीगल मेट्रोलॉजी फ्रेमवर्क के तहत खाने वाले तेल के लिए स्टैंडर्ड पैक साइज अनिवार्य कर दिए हैं। सरकार के इस कदम का मुख्य उद्देश्य ग्राहकों को अलग-अलग ब्रांड्स के बीच कीमतों की तुलना करने और सही फैसला लेने में मदद करना है। इसके लिए विभाग ने नेट क्वांटिटी और स्टैंडर्ड पैक साइज तय करने के लिए स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (SoP) में बदलाव किया है। तेल कंपनियों और इंपोर्टर्स को इन नए नियमों को अपनाने के लिए 3 महीने का समय दिया गया है। 9 तय साइज में ही बिकेगा क

Source: Bhaskar

Advertisement

Related News